इंदौर: नागपंचमी पर परंपरागत दंगल का आयोजन, श्रद्धालुओं ने किया बांबी पूजन
इंदौर : इंदौर में नागपंचमी का पर्व धूमधाम से मनाया गया। सुबह से डेरों से निकल कर सपेरे घरों में नाग की पूजा कराने के लिए पहुंचे। वन विभाग की सख्ती के कारण उनकी संख्या इस बार ज्यादा नहीं रही। वहीं इंदौर के पाटनीपुरा और कुम्हारखाड़ी में परंपरागत दंगल भी हुए। जिसमें महिला पहलवानों ने पुरुष पहलवानों को पटखनी देकर हराया। पाटनीपुरा में मोनू मुनिया महिला पहलवान ने कुश्ती जीती। यह दंगल देखने के लिए काफी लोगों की भीड़ उमड़ी। विजेता पहलवान को पुरस्कारों से नवाजा गया।
इसके अलावा छत्रीबाग में बांबी पूजन हुआ। महिलाएं यहां थाली में हल्दी-कुमकुम और फूल लेकर आई और बांबी की पूजा की।कुम्हारखाड़ी स्थित प्राचीन नाग मंदिर में सुबह चार बजे से ही दर्शन पूजन के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। मंदिर के व्यवस्थापक दिनेश कश्यप के अनुसार यह मंदिर लगभग सत्तर साल पुराना है। नागपंचमी के दिन यहां दूर-दूर से भक्त दर्शन करने आते हैं। कई लोगों की मनोकामना पूर्ण होती होती है। सुदामा नगर स्थित कालेश्वर धाम नाग मंदिर में नाग पंचमी महोत्सव का भव्य आयोजन किया जाएगा। इस मंदिर में छह फीट लंबी चांदी की नाग प्रतिमा विराजमान है। दर्शन मात्र से श्रद्धालुओं की मनोकामनाएं पूर्ण होने की मान्यता है। भैयाजी ने बताया कि नाग देवता का महाअभिषेक सुबह 9 बजे से किया गया। इसके पश्चात दोपहर में भजन हुए। जिसमें भक्त शामिल हुए। रात्रि 8 महाआरती का आयोजन किया गया। सुबह से रात तक मंदिर में दर्शन के लिए भीड़ उमड़ी।

स्वस्थ पशुधन, समृद्ध किसान: मुंगेली में 582 शिविरों से बदली पशुपालन की तस्वीर
बालोद में असर दिखा रही प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना
प्रत्येक विधानसभा में खुलेगी "कृषि यंत्र किराये की दुकान"
राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाना जागरूक नागरिक की पहचान : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
पंजाब कांग्रेस में हलचल तेज, बैठक टलने के बाद अचानक फिर बुलाई गई
सरकार से संवाद की पहल, सोनम वांगचुक ने अनशन खत्म करने के लिए रखी शर्त
समाजवादी पार्टी की महिला नेता सीमा राजभर पर बलिया में मुकदमा दर्ज, बढ़ीं मुश्किलें
शिवसेना के बागी सांसदों पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा कदम, सुनवाई स्वीकार कर जारी किया नोटिस
जयशंकर ने QUAD मंच से क्या-क्या कहा? हिंद-प्रशांत, सुरक्षा और साझेदारी पर दिए अहम संदेश