Q4 नतीजों के बाद UPL शेयर में गिरावट, जानें अगली चाल
नई दिल्ली: भारतीय शेयर बाजार में मंगलवार को एग्रोकेमिकल क्षेत्र की दिग्गज कंपनी यूपीएल (UPL) के शेयरों में भारी बिकवाली देखने को मिली। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर कंपनी का स्टॉक लगभग 6 प्रतिशत की गिरावट के साथ ₹629.50 के स्तर पर आ गया। हैरानी की बात यह है कि शेयरों में यह गिरावट तब देखी गई जब कंपनी ने मार्च 2026 की तिमाही में मुनाफे के मोर्चे पर शानदार प्रदर्शन किया है।
मुनाफे में 18 फीसदी का दमदार उछाल
यूपीएल द्वारा जारी तिमाही नतीजों के अनुसार, मार्च 2026 की तिमाही में कंपनी का समेकित शुद्ध लाभ (Consolidated Net Profit) ₹1,061 करोड़ रहा। यह पिछले साल की इसी तिमाही के ₹896 करोड़ के मुकाबले 18 प्रतिशत अधिक है। यदि पिछली तिमाही (दिसंबर 2025) से तुलना करें, तो कंपनी के मुनाफे में 168 प्रतिशत की जबरदस्त बढ़त दर्ज की गई है, जो कंपनी की मजबूत रिकवरी को दर्शाता है।
मार्जिन और एबिटडा में गिरावट से निवेशक चिंतित
मुनाफा बढ़ने के बावजूद ऑपरेशनल मोर्चे पर कंपनी को चुनौतियों का सामना करना पड़ा है। कंपनी की ब्याज, टैक्स और डेप्रिसिएशन से पहले की कमाई (Ebitda) 13 प्रतिशत घटकर ₹3,646 करोड़ रह गई। इसके साथ ही एबिटडा मार्जिन में भी 90 बेसिस पॉइंट्स की गिरावट आई है, जो अब 19.9 प्रतिशत पर सिमट गया है। जानकारों का मानना है कि मार्जिन में आई इसी कमी के कारण निवेशकों ने बिकवाली का रुख अपनाया।
शेयरधारकों के लिए डिविडेंड की सिफारिश
बाजार में उतार-चढ़ाव के बीच कंपनी के बोर्ड ने अपने शेयरधारकों को राहत देते हुए ₹6 प्रति इक्विटी शेयर के डिविडेंड (लाभांश) की सिफारिश की है। ₹2 की फेस वैल्यू वाले प्रत्येक शेयर पर यह 300 प्रतिशत का रिटर्न होगा। हालांकि, इस लाभांश के भुगतान के लिए आगामी वार्षिक आम बैठक (AGM) में सदस्यों की औपचारिक मंजूरी मिलना अनिवार्य है।
बाजार की तुलना में स्टॉक का प्रदर्शन
बीते एक साल के आंकड़ों को देखें तो यूपीएल का शेयर निवेशकों के लिए चुनौतीपूर्ण रहा है। सालाना आधार पर स्टॉक में करीब 15.8 प्रतिशत की गिरावट आई है, जबकि इसी अवधि के दौरान निफ्टी-50 (Nifty50) में केवल 8.85 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। दोपहर के कारोबार में स्टॉक अपने पिछले क्लोजिंग ₹669 से टूटकर ₹629.50 पर संघर्ष करता नजर आया।

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